15 वर्षों से बुनियादी सुविधाओं को तरसती श्रीकृष्णधाम कॉलोनी, सड़क और पानी बना बड़ा संकट


 

15 वर्षों से बुनियादी सुविधाओं को तरसती श्रीकृष्णधाम कॉलोनी, सड़क और पानी बना बड़ा संकट

कटनी। विकास के दावों और घोषणाओं के बीच कटनी नगर निगम की हकीकत श्रीकृष्णधाम कॉलोनी (महाराणा प्रताप वार्ड क्रमांक 43, कटायघाट) की जमीनी तस्वीर उजागर करती है। 15 साल पहले नगर निगम में हैंडओवर की गई इस कॉलोनी में आज भी सड़क, पेयजल और  सुविधाओं का टोटा बना हुआ है। रहवासी हर साल निगम और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाते हैं, लेकिन हालात जस के तस हैं।


2009 में हुई थी कॉलोनी निगम को सुपुर्द

श्रीकृष्णधाम कॉलोनी की अधूरी नगर निगम कर्मचारियों अधिकारियों की मिली भगत से औपचारिकताएं वर्ष 2009 में पूरी कर इसे नगर निगम को सौंपा गया और नगर निगम द्वारा कॉलोनाइजर को कार्यपूर्णता प्रमाण पत्र जारी किया गया। कॉलोनी पूर्णतः वैध होने के बावजूद निगम ने आज तक यहां न तो सड़क बनाई और न ही पेयजल की उचित व्यवस्था की। रहवासियों का कहना है कि हर बार निगम अधिकारी और जनप्रतिनिधि  न्यायालयीन प्रकरण का बहाना बनाकर लोगों को गुमराह करते रहे हैं, जबकि  नगर निगम विधि अधिकारी स्वयं लिखकर दे रहे है की कॉलोनी से संबंधित कोई भी प्रकरण न्यायालय में लंबित नहीं है


बरसात में दलदल, गर्मियों में धूल

कॉलोनी की सड़कें अब तक कच्ची हैं। बरसात आते ही यह सड़कें कीचड़ और दलदल में बदल जाती हैं, जिससे पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है। बच्चों और बुजुर्गों के फिसलने और चोट लगने का खतरा हमेशा बना रहता है। वहीं गर्मियों में यही सड़कें धूल उड़ाती हैं, जिससे पूरे क्षेत्र का वातावरण प्रदूषित रहता है 


’रहवासियों का फूटा गुस्सा

रहवासी विभूति प्रसाद मिश्रा राजेंद्र  तिवारीऔर अजय शर्मा का कहना है कि सड़क और पानी की समस्या को लेकर उन्होंने कई बार निगम कार्यालय में शिकायतें दर्ज कराईं, पर हर बार उन्हें टाल दिया गया। नगर निगम द्वारा सभी अधिरोपित कर भी समय पर दिए जाते हैं किसी का कोई बकाया नहीं है


निगम पर उठ रहे सवाल

जब कॉलोनी पूरी तरह वैध है नगर निगम के सुपुर्द है कोई न्यायालयीन प्रकरण भी नहीं है किसी के ऊपर कोई कर भी बकाया नहीं है , तो फिर अब तक सड़क क्यों नहीं बनाई गई? पानी की सप्लाई नियमित क्यों नहीं है?


इस प्रकार शहर की लगभग 1 सैकड़ा कालोनीवासी नरकीय जीवन जी रहे है म.प्र.शासन के द्वारा समय पर समय पर यह घोषणा की जाती है अवैध कॉलोनी वैध की जाती है एवं कई प्रकार की घोषणाओं की  लाली-पाप जनता को दी जाती है लेकिन निगम प्रशासन द्वारा सिर्फ टैक्स बड़े-बड़े टेंट  लगाकर टैक्स वसूल किया जाता है और बुनियादी सुविधाओं के नाम पर सिर्फ घोषण की जाती है नगरीय प्रशासन मंत्री के द्वारा भी अभी हाल में अपने बयान में कहा था कि प्रदेश की जनता विकास के 100 पायदान पर है और यहां वैध-अवैध दोनो कॉलोनी के विकास के नाम पर टी.सी. कनेक्शन के लंबे-लंबे तार जिसमें प्रत्येक बारसात में पशु हत्या औ गौ-हत्या इन खुले तारों के कारण हो रही है और सड़क के नाम पर मिट्टी से भरे बड़े-बड़े गड्डे। आम आदमी पार्टी के पूर्व जिला उपाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कम से कम वे कॉलोनी का तो विकास पूर्ण रूप से किया जाए जिसकी घोषणा म.प्र.शासन ने नियम के तहत् की है जिससे शहर की जनता को बुनियादी सुविधाओं का लाभ मिल सकें। 



Post a Comment

Previous Post Next Post